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होटल का Wi-Fi इस्तेमाल करते हैं तो हो जाएं सावधान! माइक्रोसॉफ्ट ने ‘कैप्टिवक्रंच’ साइबर अटैक को लेकर जारी किया अलर्ट

नई दिल्ली: यदि आप अक्सर यात्राओं के दौरान होटल, एयरपोर्ट, कॉन्फ्रेंस सेंटर या किसी सार्वजनिक स्थान के मुफ्त Wi-Fi नेटवर्क का उपयोग करते हैं, तो आपको अत्यधिक सतर्क रहने की आवश्यकता है।

वैश्विक टेक दिग्गज माइक्रोसॉफ्ट ने यात्रियों और कॉर्पोरेट कर्मचारियों को एक नए और बेहद खतरनाक साइबर हमले के प्रति आगाह किया है। ‘कैप्टिवक्रंच’ (CaptiveCrunch) नाम से चलाए जा रहे इस दुर्भावनापूर्ण अभियान में हैकर्स होटलों और साझा वाई-फाई नेटवर्कों में सेंध लगाकर उपयोगकर्ताओं को फर्जी लॉगिन पेजों और खतरनाक वेबसाइटों पर रिडायरेक्ट कर रहे हैं। इस साइबर हमले के जरिए यूजर्स के व्यक्तिगत पासवर्ड, वित्तीय अकाउंट्स और संवेदनशील कॉर्पोरेट जानकारियां चोरी होने का गंभीर जोखिम उत्पन्न हो गया है। माइक्रोसॉफ्ट के अनुसार, कुछ मामलों में हमलावर लक्षित डिवाइस पर मैलवेयर इंस्टॉल कर उसका पूर्ण रिमोट कंट्रोल भी हासिल कर रहे हैं।

🌐 हॉस्पिटैलिटी वाई-फाई नेटवर्कों के जरिए ऐसे हमला कर रहे हैं साइबर अपराधी

माइक्रोसॉफ्ट थ्रेट इंटेलिजेंस (Microsoft Threat Intelligence) की रिपोर्ट के अनुसार, यह परिष्कृत साइबर हमला मई 2026 की शुरुआत से ही वैश्विक हॉस्पिटैलिटी नेटवर्कों पर देखा जा रहा है।

इस अभियान के तहत हैकर्स होटलों, कॉन्फ्रेंस हॉलों तथा अन्य सार्वजनिक स्थलों के उन वाई-फाई नेटवर्कों को निशाना बना रहे हैं, जहाँ इंटरनेट एक्सेस प्राप्त करने से पूर्व यूजर को एक कैप्टिव पोर्टल (Captive Portal) पर लॉगिन करना होता है अथवा सेवा शर्तों को स्वीकार करना पड़ता है। हैकर्स इन नेटवर्कों के डीएनएस (DNS) और वेब ट्रैफिक में हेरफेर कर देते हैं। इसके चलते, यूजर को भनक लगे बिना ही वास्तविक वेबसाइट के बजाय फर्जी माइक्रोसॉफ्ट लॉगिन पेज अथवा मालिशियस वेबसाइटों पर भेज दिया जाता है, जिससे उनकी लॉगिन क्रेडेंशियल्स सीधे हैकर्स तक पहुंच जाती हैं।

⚠️ ‘स्टॉर्म-2945’ फर्जी अपडेट के नाम पर कंप्यूटर में घुसा रहा है ‘कॉर्नफ्लेक’ ट्रोजन

माइक्रोसॉफ्ट ने खुलासा किया है कि साइबर अपराधियों का ‘स्टॉर्म-2945’ (Storm-2945) नामक हैकिंग समूह यूजर्स को फर्जी सॉफ्टवेयर और ब्राउजर अपडेट नोटिफिकेशन दिखाकर ठग रहा है।

उपयोगकर्ताओं की स्क्रीन पर अचानक ऐसा पॉप-अप प्रदर्शित किया जाता है मानो उनके कंप्यूटर का विंडोज ऑपरेटिंग सिस्टम, वेब ब्राउजर या एंटी-वायरस सुरक्षा अपडेट होना अत्यंत आवश्यक है। जैसे ही यूजर इन फर्जी निर्देशों का पालन करते हुए फाइल डाउनलोड करता है, उनके सिस्टम में ‘कॉर्नफ्लेक’ (Cornflake) नाम का खतरनाक विंडोज-आधारित रिमोट एक्सेस ट्रोजन (RAT) स्वचलित रूप से इंस्टॉल हो जाता है। उल्लेखनीय है कि इस मैलवेयर को अत्याधुनिक ‘गो’ (Go) प्रोग्रामिंग भाषा में तैयार किया गया है।

🕵️ ‘कॉर्नफ्लेक’ मैलवेयर से कंप्यूटर का पूर्ण नियंत्रण ले रहे हैकर्स, की-लॉगिंग व ऑडियो-वीडियो निगरानी का खतरा

‘कॉर्नफ्लेक’ मैलवेयर संक्रमित कंप्यूटरों पर हमलावरों को अभूतपूर्व नियंत्रण प्रदान कर देता है।

माइक्रोसॉफ्ट के तकनीकी विशेषज्ञों के अनुसार, यह मैलवेयर सिस्टम में रखी महत्वपूर्ण फाइलें, सेव किए गए पासवर्ड और ब्राउजर सेशन टोकन चुरा सकता है। इतना ही नहीं, यह यूजर द्वारा कीबोर्ड पर दबाई जाने वाली हर की (Keyloggers) को रिकॉर्ड कर सकता है तथा डिवाइस से जुड़े वेबकैम और माइक के जरिए ऑडियो-वीडियो निगरानी भी कर सकता है। यह मैलवेयर कंप्यूटर में स्वयं को बैकग्राउंड में बनाए रखने के लिए विंडोज की वैध सेवाओं और सिस्टम प्रोसेस जैसा छद्म रूप धारण कर लेता है, जिससे सामान्य एंटी-वायरस भी इसे पकड़ नहीं पाते।

📱 एंड्रॉइड स्मार्टफोन यूजर्स भी निशाने पर, माइक्रोसॉफ्ट ने साझा वाई-फाई प्रयोग करने वालों को दी सतर्कता की सलाह

माइक्रोसॉफ्ट को जांच के दौरान ऐसे ठोस संकेत भी प्राप्त हुए हैं कि इसी साइबर तकनीक का प्रयोग एंड्रॉइड (Android) स्मार्टफोन उपयोगकर्ताओं के विरुद्ध भी शुरू कर दिया गया है।

फर्जी पॉप-अप पेजों के जरिए एंड्रॉइड यूजर्स को थर्ड-पार्टी एपीके (APK) फाइलें डाउनलोड और इंस्टॉल करने के लिए भ्रमित किया जा रहा है। माइक्रोसॉफ्ट के अनुसार, यह साइबर अभियान मुख्य रूप से कॉर्पोरेट अधिकारियों और व्यावसायिक यात्रियों पर केंद्रित प्रतीत होता है, ताकि होटल वाई-फाई के माध्यम से कार्यस्थल के आधिकारिक अकाउंट्स तक पहुंच बनाई जा सके। कंपनी ने सभी उपयोगकर्ताओं को यात्रा के दौरान सार्वजनिक वाई-फाई पर बिना वीपीएन (VPN) के संवेदनशील कार्य न करने तथा अचानक दिखने वाले किसी भी अपडेट या लॉगिन मैसेज पर क्लिक न करने की हिदायत दी है। माइक्रोसॉफ्ट वर्तमान में एंथ्रोपिक (Anthropic) और ओपनएआई (OpenAI) जैसे वैश्विक सुरक्षा साझेदारों के साथ मिलकर इस साइबर नेटवर्क को ध्वस्त करने में जुटी है।

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